देहरादून: मनीष खंडूरी के BJP में शामिल होने के बाद जहां भाजपा में गढ़वाल सीट पर टिकट के समीकरण बदल गए हैं। वहीं, कांग्रेस में भी समीकरण पूरी तरह से बदले नजर आ रहे हैं। अब तक कांग्रेस में मनीष खंडूरी को टिकट का दावेदार माना जा रहा था। लेकिन, उनके भाजपा में शामिल होने के बाद अब स्थिति बदल गई है। कांग्रेस पैनल में जिन नामों को शामिल किया गया है। उनसे इतर भी काई नाम हो सकता है।

कांग्रेस प्रदेश महासचिव कवींद्र इस्टवाल के नाम की चर्चा जोर पकड़ रही है। चर्चाएं हैं कि कवींद्र इस्टवाल को भी कांग्रेस मैदान में उतार सकती है। हालांकि, इस्टवाल पहले ही यह साफ कर चुके हैं कि पार्टी अगर किसी सीनियर लीडर को मैदान में उतारती है, तो वो हमेशा की तरह ही पार्टी की मजबूती के लिए काम करते रहेंगे। अगर उनको मौका दिया जाता है, ऐसी स्थिति में पार्टी के आदेश पर विचार कर सकते हैं।

माना जा रहा है कि कांग्रेस गणेश गोदियाल को गढ़वाल सीट से मैदान में उतार सकती है। लेकिन, अगर गोदियाल चुनाव लड़ने से इंकार करते हैं, तब पार्टी को दूसरे विकल्प भी तैयार रखने होंगे। ऐसे में कवींद्र इस्वाल का नाम पार्टी के पास एक विकल्प के रूप में मौजूद है। इस्टवाल की कार्यकर्ताओं के बीच अच्छी पैठ मानी जाती है। केवल पौड़ी जिले में ही नहीं, बल्कि गढ़वाल लोकसभा सीट की सभी विधानसभाओं में उनका कांग्रेस संगठन के पदाधिकारियों के साथ अच्छा तालमेल है।

साफ छवि और युवाओं के हितों के लिए समर्पित इस्टवाल कांग्रेस के लिए एक अच्छे विकल्प साबित हो सकते हैं। हालांकि, कांग्रेस क्या फैसला करती है यह आने वाला वक्त ही बताएगा? जानकारों का कहना है कि कांग्रेस को नए चेहरों को भी मौका देना चाहिए। तभी कांग्रेस, नेताओं की नई पीढ़ी खड़ी कर पाएगी, जो कांग्रेस के भविष्य के लिए भी बेहतर होगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *