उत्तरकाशी (कीर्तिनिधि सजवाण): डुंडा में आयोजित श्रीमद देवी भागवत कथा व सप्तचंडी पाठ का आयोजन मां रिंगली देवी मंदिर प्रांगण में माँ रिंगाली देवी मंदिर समिति बगोरी के द्वारा भव्य व दिव्या आयोजन किया जा रहा है। कथा दिव्य कथाक्ता संत गोपाल मणि के द्वारा कि जा रही है। गोपाल मणि ने बताया कि वीरपुर को सिद्धपुर भी कहते हैऔर सीमांत क्षेत्र में रहने वाले हमारे गौ भक्तों और माँ रिंगाली देवी व गंगा के उपासक बगोरी वासियो के द्वारा श्रीमद् देवी भागवत कथा व सप्त चंडी महायज्ञ का दिव्य आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हम लोग गौ पशु नहीं है।वह हमारे शास्त्रों की दृष्टि से माता का सम्मान रखती हैं, इसीलिए हमारी भारत सरकार से मांग है कि गाय को पशु के दर्जो से हटकर राष्ट्र माता का दर्जा दिया जाए।साथ ही शीतकाल यात्रा में गौ माता राष्ट्र माता के लिए जन जागरण किया। और जल्दी ही तीर्थ प्रयागराज में गौ माता राष्ट्र माता के निमत बड़ा यज्ञ हो रहा है।उन्होंने देश के लोगों से कहा की गोत्र शब्द का अर्थ होता है कि जिनकी रक्षक गाय हो। वह हिंदू हैं या जो गाय की रक्षा करते हैं वह है हिंदू।और कहा कि हिंदुओं को जागृत करने के लिए यह कार्यक्रम चल रहा है।


