कोटद्वार। इंस्टिट्यूट ऑफ़ हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट एंड साइंसेज की ओर से बौद्धिक  संपदा अधिकार विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिसमें राष्ट्रीय बौद्धिक संपदा जागरुकता मिशन की विशेषज्ञ ने छात्र छात्राओं को बौद्धिक संपदा के अधिकारों की जानकारी दी।
गुरुवार को बलभद्रपुर स्थित संस्थान परिसर में मैनेजमेंट विभाग की ओर आयोजित कार्यशाला का संस्थान के एमडी बीएस नेगी ने दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि बौद्धिक संपदा संपत्ति की एक श्रेणी है जिसमें मुख्य रूप से कॉपीराइट, पेटेंट शामिल होते हैं। उन्‍होंनें छात्र-छात्राओं को किसी की नकल करने की अपेक्षा अपना अनुसंधान कर उसे कॉपीराइट कराने की अपील की। कार्यशाला की मुख्‍य वक्‍ता राष्ट्रीय बौद्धिक संपदा जागरुकता मिशन की विशेषज्ञ पूनम कुमार ने अंतिम वर्ष के छात्र-छात्राओं को प्रोजेक्‍टर के माध्‍यम से पेटेंट, ट्रेडमार्क, कॉपीराइट और डिजाइन पंजीकरण की जानकारी दी।
उन्‍होंने कहा कि किसी की रजिस्‍टरर्ड प्रोडक्‍ट की नकल करना गैर कानूनी है। इसका उल्‍लंघन करने पर व्‍यक्ति को खामियाजा भुगतना पड़ सकता है। उन्‍होंने छात्रों को अपने अनुसंघान को पेटेंट कराने और डिजाइन को पंजीकृत कराने की विधि की भी जानकारी दी। इस अवसर पर संस्थान के ईडी अजयराज नेगी, डायरेक्टर एडमिन कर्नल बीएस गुसाईं, मैनेजमेंट विभागाध्यक्ष डॉ अश्वनि शर्मा, कार्यक्रम समन्‍वयक सुरेंद्र सिंह‍ जगवाण, प्रदीप भट्ट, सुबोध केष्‍टवाल, ममता, अजय आचार्य, टीना जोशी, विवेक कुमार समेत विभाग के सभी शिक्षक मौजूद रहे ।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *