पोखरी (चमोली)। राजकीय इंटर कॉलेज उडामांडा में समग्र शिक्षा अभियान के तहत कैरियर गाइडेंस एवं एडोलसेंस कार्यक्रम पर कार्यशाला का शुभारंभ करते हुए उप शिक्षा अधिकारी नेहा भट्ट ने कहा कि सही जानकारी से छात्र अपना भविष्य बेहतर बना सकते है।
उप शिक्षा अधिकारी नेहा भट्ट ने कहा कि प्रारंभिक मार्गदर्शन से छात्र सही विषय चयन, कॉलेज चयन तथा प्रवेश परीक्षाओं की तैयारी बेहतर ढंग से कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि इससे समय की बचत होती है और छात्र अपनी रुचि एवं योग्यता के अनुसार भविष्य की योजना बना पाते हैं। उन्होंने बताया कि साइकोमेट्रिक परीक्षण, मेंटरशिप और विशेष प्लेटफॉर्म के माध्यम से छात्रों की क्षमताओं और रुचियों की पहचान की जा सकती है।
प्रधानाचार्य ब्रह्मानंद किमोठी ने कहा कि हाईस्कूल उत्तीर्ण करने के बाद विद्यार्थियों को अपनी रुचि के अनुसार विषयों का चयन करना चाहिए, ताकि भविष्य में करियर को लेकर किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि विज्ञान, कला और कॉमर्स तीनों क्षेत्रों में रोजगार के पर्याप्त अवसर मौजूद हैं।
एएनएम रेखा रावत ने किशोरावस्था से जुड़े शारीरिक, मानसिक, भावनात्मक और सामाजिक परिवर्तनों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि 10 से 19 वर्ष की आयु किशोरावस्था का महत्वपूर्ण चरण होता है। इसमें किशोरों में शारीरिक विकास, हार्मोनल परिवर्तन, आत्मनिर्भरता की भावना और सामाजिक समझ विकसित होती है। उन्होंने तनाव, चिंता और मानसिक स्वास्थ्य संबंधी मुद्दों पर जानकारी देते हुए छात्रों को सही मार्गदर्शन और जागरूकता की आवश्यकता बताई। प्रवक्ता दयाल सिंह गडिया ने कहा कि प्रभावी कैरियर मार्गदर्शन के प्रमुख घटकों में स्वमूल्यांकन, करियर की खोज, कौशल विकास, शिक्षा एवं पेशेवर मार्गदर्शन शामिल हैं।
इस दौरान हरेंद्र चौधरी, अंजन सिंह नेगी, दिनेश जग्गी, राज किशोर, अनिल कुमार, ज्योति पंत, रजनी नेगी, अंजलि सेमवाल, मीरा रावत, हिमांशु कंसवाल, सूरज चंद्रा, भूपेंद्र सिंह, नंदन सिंह, रजपाल रडवाल, आशा कार्यकत्री रंजू असवाल आदि मौजूद रहे। इस अवसर पर विद्यालय की छात्राओं ने कैरियर गाइडेंस एवं एडोलसेंस विषय पर प्रियंका रावत के निर्देशन में एक नाटक भी प्रस्तुत किया। कार्यक्रम का संचालन प्रियंका रावत ने किया।
